प्रेस क्लब हरिद्वार: हिंदी पत्रकारिता के 200वर्ष पर जश्न
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* सत्यमेव जयते, भारतीय संस्कृति का मूलमंत्र, ध्यान रखें पत्रकार: आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिर*
*फेक पत्रकारिता लोकतंत्र के लिए ख़तरा, अंकुश लगाने की जरूरत: विजयदत्त श्रीधर*
वर्तमान पत्रकारिता पुंजीपतियो, उद्योगपतियों के साथ में सिमटी: रास बिहारी
हरिद्वार: अपनी रचनात्मकता के लिए देश भर में प्रसिद्ध प्रेस क्लब हरिद्वार में हिंदी शं द्वि-शताब्दी समारोह का शानदार आगाज हो गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज ने कहा कि भारतीय संस्कृति का मूलमंत्र सत्यमेव जयते है। पत्रकारों को सदैव इस मूल मंत्र को ध्यान रखते हुए कार्य संपादन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रेस क्लब हरिद्वार के पत्रकारों से उन्हें विशेष लगाव है क्योंकि यहां सदैव नया करने का प्रयास रहता है। पत्रकारिता के साथ अन्य विषयों पर चर्चा की जाती है।
पत्रकारों की सम्मानित संस्था प्रेस क्लब (रजि.) हरिद्वार के सभागार में हिंदी द्वि-शताब्दी समारोह का शुभारंभ शानदार अंदाज में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के तौर पर उपस्थित माधवराव सप्रे संग्रहालय भोपाल के संस्थापक विजयदत्त श्रीधर ने हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्षों की यात्रा का बखूबी चित्रण करते हुए कहा कि पूरे भारतवर्ष में हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण करने के उपलक्ष्य में व्याख्यान माला आयोजित करने वाला प्रेस क्लब हरिद्वार पहला संगठन है। इसके लिए प्रेस क्लब अध्यक्ष महासचिव संयोजक मंडल सहित सभी सदस्यों को साधुवाद देते हैं। उन्होंने कहा कहा पूरे भारत वर्ष में इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करने के लिए प्रेस क्लब हरिद्वार से प्रेरणा लेनी चाहिए। विजय दत्त श्रीधर ने कहा कि पत्रकारिता में दो प्रकार के शास्वत सत्य है। पहला नारद संचालक, जों लोक-मंगल की कामना से सूचनाओं का संप्रेषण करते हैं और दूसरा पौराणिक आख्यान महाभारत से है जहां नेत्रहीन धृतराष्ट्र को संजय कुरूक्षेत्र का हाल सुनाते हैं। उन्होंने कहा फेंक न्यूज की शुरुआत महाभारत काल से हुई। जब द्रोणाचार्य को युद्ध से अलग करने के लिए धर्मराज युधिष्ठिर से झूठ बुलवाया गया। उन्होंने कहा फेक न्यूज लोकतंत्र के लिए भारी खतरा है। कानूनी तरीके से इसे रोकना संभव नहीं है। इसके वरिष्ठ पत्रकारों को भावी पीढ़ी को संस्कारित शिक्षा देनी होगी। मुख्य अतिथि के तौर पर एनयूजे, आई के राष्ट्रीय अध्यक्ष रास बिहारी ने कहा समय के पत्रकारिता के स्तर में भारी बदलाव आया है। वर्तमान में पत्रकारों की आजादी पर अंकुश लगा है। एक समय था जब पत्रकारिता ने अंग्रेजो को उखाड़ने का मंत्र दिया था। आज पुंजीपतिऔर उद्योगपति और सरकार के हाथ में सिमट कर रह गई है। कार्यक्रम के मुख्य संयोजक सुनील दत्त पांडे ने बताया कि हिंदी द्विशताब्दी समारोह में पूरे वर्ष में पांच कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। संयोजक गुलशन नैयर ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता ने आजादी से पूर्व एवं इसके बाद नए आयाम स्थापित किए हैं। आज हिंदी पत्रकारिता के 200 वें वर्ष में प्रवेश पर कार्यक्रम का आयोजन गौरव की बात है। प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी ने सभी मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया तथा अन्य लोगों की उपस्थिति पर उनका आभार जताया। इस अवसर पर अध्यक्ष, महासचिव दीपक मिश्रा सहित अन्य सदस्यों ने अतिथियों को फूल माला, शाल, रूद्राक्ष माला , गंगा जली एवं स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन एनयूजे आई उत्तराखंड हरिद्वार के महामंत्री डॉ. शिवा अग्रवाल ने किया।
इस अवसर पर परशुराम अखाड़े के अध्यक्ष पंडित अधीर कौशिक, भाजपा जिला अध्यक्ष आशीष शर्मा, भाजपा नेता डॉ. विशाल गर्ग, पूर्व जिलाध्यक्ष भाजपा संदीप गोयल, तरुण नैय्यर ,प्रमोद शर्मा, विजयपाल बघेल, जगदीश लाल पाहवा, विमल कुमार, वरिष्ठ कांग्रेस नेता मुरली मनोहर, डा. राधिका नागरथ, पत्रकार रतनमणि डोभाल, डॉ प्रदीप जोशी विकास झा, श्रवण झा, रामचंद्र कन्नौजिय, पूर्व प्रेस क्लब अध्यक्ष अमित शर्मा, जिला अध्यक्ष आदेश त्यागी, डा. रजनीकांत शुक्ला, संदीप रावत, अविक्षित रमन, संजय आर्य, बालकृष्ण शर्मा, राहुल वर्मा, डा. धर्मेद्र कुमार, सुभाष कपिल, सतीश गुजराल ,संजीव शर्मा, प्रतिमा वर्मा, संदीप शर्मा, रामेश्वर गौड़, त्रिलोक चंद भट्ट, संजय रावत, तनवीर अली, कोषाध्यक्ष काशीराम सैनी, मुदित अग्रवाल, नरेश दीवान सैली, ललितप्रसाद, अमित गुप्ता, दीपक नोटियाल, विक्रम छाछर, अजय गुप्ता, लव शर्मा, नवीन चौहान, सूर्यकांत बेलवाल, दयाशंकर वर्मा, शिवांग अग्रवाल, डा. मनोज सोही, पार्षद भूपेंद्र कुमार, प्रकाशचंद जोशी, के के पालीवाल, राजकुमार, प्रदीप गर्ग, मयूर सैनी, अश्वनी अरोड़ा, संजय रावल, मनोज खन्ना, कुमकुम शर्मा, निशा शर्मा, सुभाष कर्णवाल, बृजेंद्र हर्ष, ब्रजपाल सिंह, राव रियासत पुंडीर, एमएम नवाज, गोपाल कृष्ण पटवर, आशु चौधरी शिवप्रकाश, विकास चौहान, रूपेश वालिया, सुनील मिश्रा, सुरेंद्र कुमार शर्मा, महताब आलम, राधेश्याम विद्याकुल, सुमित यश कल्याण, पुलकित शुक्ला, ललितेंद्र नाथ, गुरुकुल विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग के डा. अजीत तोमर, भाजपा नेता लव शर्मा, कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग, स्वामी दर्शनानंद इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर अनिल गोयल आदि मौजूद रहे।
