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राष्ट्र की एकता अखंडता कायम रखने में संत समाज की अहम भूमिका-स्वामी कैलाशानंद गिरी
हरिद्वार। श्यामपुर कांगड़ी में स्थित श्रीश्याम बैकुंठ धाम के पीठाधीश्वर स्वामी श्याम सुंदर महाराज ने निरंजन पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी, जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी, जगद्गुरू शंकराचार्य स्वामी राजराजेश्वराश्रम और श्रीपंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी के सचिव श्रीमहंत रविंद्रपुरी से मुलाकात कर उन्हें श्रीबैकुंठ धाम आने का आमंत्रण दिया।
श्रीदक्षिण काली मंदिर पहुंचने पर निरंजन पीठाधीश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने माता की चुनरी और नारियल भेंट कर स्वामी श्याम सुंदर महाराज का स्वागत किया और उन्हें आशीर्वाद दिया। इस दौरान स्वामी कैलाशानंद गिरी ने कहा कि हिंदू समाज को सांस्कृतिक रूप से एकजुट कर राष्ट्र की एकता और अखंडता बनाए रखने में संत समाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने यह भी कहा कि आज जिस तरह सनातन धर्म और संस्कृति पर हमला किया जा रहा है, उसे देखते हुए संत समाज को एकजुट होना पड़ेगा।
मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट और अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज ने धर्म का अपमान करने वालों के खिलाफ कार्रवाई का प्रस्ताव रखा है, जिससे समस्त संत समाज सहमत है। उन्होंने कहा कि संत समाज एकजुट होकर उन लोगों को जवाब देगा जो उसकी छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। इस अवसर पर महामंडलेश्वर डॉ. स्वामी राजेश्वरदास महाराज, स्वामी अवंतिकानंद ब्रह्मचारी और अंजना माता मंदिर के महंत स्वामी सतीश गिरी भी उपस्थित थे।
यूपी के सिंचाई मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने किया भीमगौड़ा बैराज पर सुरक्षा कार्यों का निरीक्षण

हरिद्वार। उत्तर प्रदेश के सिंचाई मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने मंगलवार को भीमगौड़ा बैराज, बेलवाला बांध और कनखल बांध पर चल रहे सुरक्षात्मक कार्यों का निरीक्षण किया और अधिकारियों को काम तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए।
स्वतंत्र देव सिंह सुबह मुख्य अभियंता ज्ञान प्रकाश श्रीवास्तव, अधीक्षण अभियंता भारतेंदु गौड़, अधिशासी अभियंता विकास त्यागी और सहायक अभियंता भारत भूषण के साथ भीमगौड़ा बैराज पहुंचे। उन्होंने वहां चल रहे सुरक्षा कार्यों का जायजा लिया और अधिकारियों को क्षतिग्रस्त स्पर का निर्माण जल्द कराने के निर्देश दिए। उन्होंने जल प्रवाह पर भी नजर रखने और बाढ़ की स्थिति में सतर्क रहने के लिए कहा।
इसके बाद उन्होंने बेलवाला बांध और कनखल बांध पर भी चल रहे कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि बाढ़ से संबंधित सुरक्षा कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के बाद सिंचाई मंत्री ने कनखल दक्ष प्रजापति मंदिर जाकर रुद्राभिषेक किया और श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज और जूना पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी से आशीर्वाद लिया। शाम को सिंचाई मंत्री ने हरकी पैड़ी पर गंगा आरती में भी भाग लिया। इस दौरान अवर अभियंता राजकुमार सागर, पंकज मौर्या, अतुल कुमार सिंह, कृष्ण कुमार सैनी, हरीश प्रसाद, विनीत सैनी समेत कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद थे।
आईएफएडी सुपरविजन मिशन ने लिया जनपद में रीप परियोजना की प्रगति का जायजा

हरिद्वार। इंटरनेशनल फंड फॉर एग्रीकल्चरल डेवलपमेंट (आईएफएडी) के एक सुपरविजन मिशन ने मंगलवार को हरिद्वार जिले में चल रही ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना की प्रगति और उसके प्रभाव की समीक्षा की। टीम ने खानपुर में उजाला सीएलएफ के तहत सिंघाड़ा प्रोसेसिंग यूनिट का दौरा किया और सीएलएफ के बीओडी (बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स) और रीप/एनआरएलएम के कर्मचारियों के साथ बैठक की।
मिशन के सदस्यों ने गरीब लाभार्थियों और उद्यमियों से बात कर उनकी चुनौतियों, परियोजना के प्रभाव और सफलता की कहानियों को जाना। इसके बाद, टीम ने उत्कर्ष स्वयं सहायता समूह द्वारा चलाए जा रहे उत्कर्ष रेस्टोरेंट का दौरा किया, जहां उन्होंने महिलाओं द्वारा बनाए गए व्यंजनों का स्वाद लिया और उनसे महिला सशक्तिकरण और समावेशी विकास पर चर्चा की।
इसके बाद, टीम ने मंगलौर नारसन में श्री राधे कृष्णा सीएलएफ के तहत स्थापित माही डेयरी के आउटलेट का निरीक्षण किया। उन्होंने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से बात की और उनके काम की सराहना की। रुड़की में, मिशन ने एक बेकरी यूनिट का भी निरीक्षण किया और उद्यमियों, सीएलएफ और बीओडी सदस्यों के साथ अपने अनुभवों और नई कार्य प्रणालियों पर विचार-विमर्श किया। उन्होंने महिलाओं के उद्यमों के बारे में विस्तार से जानकारी ली और उन्हें उचित दिशा-निर्देश दिए।
मिशन टीम ने विकास भवन, रोशनाबाद में मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) श्रीमती आकांक्षा कोंडे से मुलाकात की। बैठक में जिले में चल रही गतिविधियों, उनकी उपलब्धियों, चुनौतियों और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा हुई। मिशन टीम के सदस्यों ने कहा कि इस दौरे से ग्रामीण आजीविका में सुधार और महिलाओं के सशक्तिकरण में परियोजना की महत्वपूर्ण भूमिका स्पष्ट हुई है। यह दौरा परियोजना को और मजबूत बनाने के लिए भविष्य की दिशा तय करने में सहायक होगा।
बैठक में आईएफएडी के सुपरविजन मिशन की कंट्री कॉर्डिनेटर मीरा मिश्रा, आईएफएडी उज्बेकिस्तान के वित्त सदस्य नॉरपुलट, नरेश कुमार उपायुक्त ग्राम्य विकास, महेंद्र सिंह यादव उपनिदेशक मानव संसाधन एवं प्रशिक्षण, एग्री होर्टी एक्सपर्ट अरविंद झाम, परियोजना निदेशक डीआरडीए कैलाश नाथ तिवारी, जिला परियोजना प्रबंधक संजय सक्सेना, समस्त सहायक प्रबंधक ग्रामोत्थान परियोजना, एमसीएफ टीम के अनमोल जैन, मनोज रावत, मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना टीम, समस्त विकासखंडस्तरीय स्टाफ रीप/एनआरएलएम, समस्त सीएलएफ स्टाफ और संबंधित सीएलएफ के बीओडी सदस्य मौजूद रहे।
गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय में कर्मचारियों का धरना 44वें दिन भी जारी

हरिद्वार। गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय में कर्मचारियों द्वारा शुरू किया गया अनिश्चितकालीन धरना और असहयोग आंदोलन लगातार 44वें दिन भी जारी रहा। भारतीय किसान यूनियन के गढ़वाल मंडल अध्यक्ष संजय चौधरी, गढ़वाल मंडल प्रवक्ता धर्मेंद्र सिंह, संयुक्त किसान यूनियन के सचिव सूब्बा सिंह ढिल्लों और युवा संगठन मंत्री विक्रांत चौधरी ने धरने पर पहुंचकर कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाया। उन्होंने कहा कि भारतीय किसान यूनियन इस लड़ाई में कर्मचारियों के साथ पूरी तरह से खड़ी है और यू.जी.सी. अधिनियम 2023 लागू कराकर उनकी मांगों को पूरा करवाएगी।
कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष रजनीश भारद्वाज और महामंत्री नरेंद्र मलिक ने कहा कि भारतीय किसान यूनियन के लगातार सहयोग से आंदोलन कर रहे कर्मचारियों में भारी उत्साह है, जबकि प्रशासन हतोत्साहित है। उन्होंने कहा कि प्रशासन कर्मचारियों को भ्रमित करने के लिए झूठे प्रचार कर रहा है। उन्होंने बताया कि प्रशासन की हताशा इसी बात से जाहिर होती है कि उसने अनैतिक रूप से बीओएम की बैठक बुलाई, जिसमें विश्वविद्यालय के हित में कोई निर्णय नहीं लिया जा सका।
रजनीश भारद्वाज ने कर्मचारियों से एकजुट रहने का आह्वान करते हुए कहा कि यह सब आप सभी की एकजुटता का परिणाम है कि प्रशासन अपने किसी भी कुचक्र में सफल नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारी इस आंदोलन को एकजुटता से जारी रखे हुए हैं और इसके लिए वे बधाई के पात्र हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि उनकी एकजुटता और विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों के व्यापक जनसमर्थन के चलते जल्द ही यह आंदोलन अपनी मांगों को पूरा करने में सफल होगा।
